• जैनकोष
    जैनकोष
  • Menu
  • Main page
    • Home
    • Dictionary
    • Literature
    • Kaavya Kosh
    • Study Material
    • Audio
    • Video
    • Online Classes
    • Home
    • Dictionary
    • Literature
    • Kaavya Kosh
    • Study Material
    • Audio
    • Video
    • Online Classes
    • What links here
    • Related changes
    • Special pages
    • Printable version
    • Permanent link
    • Page information
    • Recent changes
    • Help
    • Create account
    • Log in

जैन शब्दों का अर्थ जानने के लिए किसी भी शब्द को नीचे दिए गए स्थान पर हिंदी में लिखें एवं सर्च करें

 Actions
  • Page
  • Discussion
  • View source
  • View history

अतिबल

From जैनकोष



सिद्धांतकोष से

ऋषभ देव भगवान के पूर्व के दसवें भव में ( महापुराण सर्ग संख्या 5/200 ) महाबल के पिता थे ( महापुराण सर्ग संख्या 4/133 )
इन्होने अंत में दीक्षा धारण कर ली थी |
( महापुराण सर्ग संख्या 4/151-152 )


पूर्व पृष्ठ

अगला पृष्ठ

पुराणकोष से

(1) वृषभदेव के पचहत्तरवें गणधर । हरिवंशपुराण - 12.55-70

(2) सूर्यवंशी राजा महाबल का पुत्र और अमृत का जनक । इन्होने निर्ग्रंथ दीक्षा धारण कर ली थी । पद्मपुराण - 5.4-10

(3) तीर्थंकर पद्मप्रभ के पूर्वभव का एक नाम । पद्मपुराण - 20.14-24

(4) भविष्यकालीन सातवाँ नारायण । हरिवंश-पुराणकार ने इसे छठा नारायण कहा है । महापुराण 76.487-488, हरिवंशपुराण - 60.566-567

(5) साकेत नगर का राजा । इसकी रानी श्रीमती और पुत्री हिरण्यवती थी । पूर्वभव में यह मृगायण नाम का ब्राह्मण था । हरिवंशपुराण - 27.61-63

(6) विजयार्द्ध पर्वत की दक्षिण श्रेणी में स्थित धरणीतिलक नगर के राजा । इनकी रानी सुलक्षणा और पुत्री श्रीधरा थी । हरिवंशपुराण - 27.77-78

(7) पुंडरीकिणी नगरी के राजा धनंजय और उसकी रानी यशस्वती के पुत्र । महापुराण 7.81-82

(8) हरिविक्रम नामक भीलराज का सेवक । महापुराण 75.478-481

(9) इस नाम का एक असुर । महापुराण 63. 135-136

(10) विजयार्द्ध पर्वत स्थित अलकापुरी के खगेंद्र । इनकी रानी मनोहरा और पुत्र महाबल था । जीवन, यौवन और लक्ष्मी को क्षणभंगुर जानकर इन्होने अभिषेक पूर्वक समस्त राज्य अपने पुत्र को सौंप दिया और दीक्षा ग्रहण कर ली थी । यह वृषभदेव के दसवें पूर्वभव का जीव था । महापुराण 4.104,122,131-133, 144-152, 5.200

(11) अतिबल का नाती और महाबल का पुत्र । महापुराण 5.226-228


पूर्व पृष्ठ

अगला पृष्ठ

Retrieved from "https://www.jainkosh.org/w/index.php?title=अतिबल&oldid=123192"
Categories:
  • अ
  • प्रथमानुयोग
  • पुराण-कोष
JainKosh

जैनकोष याने जैन आगम का डिजिटल ख़जाना ।

यहाँ जैन धर्म के आगम, नोट्स, शब्दकोष, ऑडियो, विडियो, पाठ, स्तोत्र, भक्तियाँ आदि सब कुछ डिजिटली उपलब्ध हैं |

Quick Links

  • Home
  • Dictionary
  • Literature
  • Kaavya Kosh
  • Study Material
  • Audio
  • Video
  • Online Classes

Other Links

  • This page was last edited on 27 November 2023, at 14:39.
  • Privacy policy
  • About जैनकोष
  • Disclaimers
© Copyright Jainkosh. All Rights Reserved
  • Powered by MediaWiki