ऐरावती

From जैनकोष



(1) जंबूद्वीप संबंधी भरतक्षेत्र के कुरुलांजल देश में हस्तिनापुर के राजा विश्वसेन की रानी । इसका दूसरा नाम ऐरा था । पांडवपुराण 5.103

(2) संभूतरमण वन में बहने वाली नदी । इसी नदी के किनारे मनोवेग विद्याधर हरी हुई चंदना को छोड़ गया था । महापुराण 62. 379-380, 75.43 -44, हरिवंशपुराण 21.102, 27.119

(3) इंद्र की अप्सराओं द्वारा किये गये नृत्य में ऐरावत के विद्युन्मय रूप का प्रदर्शन । महापुराण 14.134


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