• जैनकोष
    जैनकोष
  • Menu
  • Main page
    • Home
    • Dictionary
    • Literature
    • Kaavya Kosh
    • Study Material
    • Audio
    • Video
    • Online Classes
    • Home
    • Dictionary
    • Literature
    • Kaavya Kosh
    • Study Material
    • Audio
    • Video
    • Online Classes
    • What links here
    • Related changes
    • Special pages
    • Printable version
    • Permanent link
    • Page information
    • Recent changes
    • Help
    • Create account
    • Log in
Shivir Banner

जैन शब्दों का अर्थ जानने के लिए किसी भी शब्द को नीचे दिए गए स्थान पर हिंदी में लिखें एवं सर्च करें

 Actions
  • Page
  • Discussion
  • View source
  • View history

तारक

From जैनकोष



सिद्धांतकोष से

  1. पिशाच जातीय व्यंतर देवों का एक भेद–देखें पिशाच ;
  2. महापुराण/58/63 भरतक्षेत्र के मलय देश का राजा विंध्यशक्ति था। चिरकाल तक अनेकों योनियों में भ्रमणकर वर्तमान भव में द्वितीय प्रतिनारायण हुआ। विशेष परिचय–देखें शलाका पुरुष - 5;
  3. पांडवपुराण/17/65 –अर्जुन (पांडव) का शिष्य एवं मित्र था। वनवास के समय सहायवन में दुर्योधन द्वारा चढ़ाई करने पर अपना शौर्य प्रगट किया।


पूर्व पृष्ठ

अगला पृष्ठ


पुराणकोष से

(1) दूसरा प्रतिनारायण । यह अवसर्पिणी के चौथे काल में भरतक्षेत्र स्थित गोवर्द्धन नगर के राजा श्रीधर का पुत्र हुआ था । द्विपृष्ट के गंधगज के लोभ में पड़कर यह अपने ही चक्र से मारा गया और नरक में जा गिरा था । पूर्वभवों में यह विंध्यशक्ति नाम का राजा था । चिरकाल तक अनेक योनियों में भ्रमण कर वर्तमान भव में द्वितीय प्रतिनारायण हुआ । महापुराण 58.91, 102-104, 115-124, पद्मपुराण - 20.242-244, हरिवंशपुराण - 60.291, वीरवर्द्धमान चरित्र 18, 101, 114-115

(2) नक्षत्र-समूह । यह ज्योतिरंग जाति के वृक्षों की प्रभा के लय से सन्मति नामक दूसरे कुलंकर के समय में दिखायी देने लगा था । इससे दिन-रात का विभाजन होने लगा था । महापुराण 3-84-86

(3) अर्जुन का एक शिष्य एवं मित्र । वनवास के समय सहायवन में स्थित पांडवों पर दुर्योधन द्वारा आक्रमण किया गया था । उस समय इसने दुर्योधन को नागपाश से बाँध लिया था । पांडवपुराण 17.66, 100-107


पूर्व पृष्ठ

अगला पृष्ठ

Retrieved from "https://www.jainkosh.org/w/index.php?title=तारक&oldid=131250"
Categories:
  • त
  • पुराण-कोष
  • करणानुयोग
  • प्रथमानुयोग
JainKosh

जैनकोष याने जैन आगम का डिजिटल ख़जाना ।

यहाँ जैन धर्म के आगम, नोट्स, शब्दकोष, ऑडियो, विडियो, पाठ, स्तोत्र, भक्तियाँ आदि सब कुछ डिजिटली उपलब्ध हैं |

Quick Links

  • Home
  • Dictionary
  • Literature
  • Kaavya Kosh
  • Study Material
  • Audio
  • Video
  • Online Classes

Other Links

  • This page was last edited on 1 February 2024, at 12:58.
  • Privacy policy
  • About जैनकोष
  • Disclaimers
© Copyright Jainkosh. All Rights Reserved
  • Powered by MediaWiki